मुख्य बिंदु

उत्तर प्रदेश सरकार ने 66 राज्य औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (Industrial Training Institutes) में सोलर प्लांट लगाने का फैसला किया है।

➡यह कदम छात्रों को आईटीआई में व्यावहारिक और प्रायोगिक कार्यों के संचालन के लिए बेहतर सुविधाएं प्रदान करेगा।

➡प्रत्येक बिजली प्लांट की क्षमता दिन भर में 40 किलोवाट तक बिजली पैदा करने की होगी।

➡यह राज्य के 66 आईटीआई में ग्रामीण बिजली की कमी को प्रभावी ढंग से दूर करेगा।

➡कहा जाता है कि इस योजना से यूपी में 1.19 लाख से अधिक छात्रों को लाभ होगा।

उत्तर प्रदेश सरकार ने बिजली की बचत करने वाले एक बड़े कदम के तहत कई जिलों के लगभग 66 राज्य औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (Industrial Training Institutes) में सोलर प्लांट लगाने का फैसला किया है। यह नया प्रावधान किफायती दरों पर चौबीसों घंटे बिना रुकावट बिजली सप्लाई की सुविधा प्रदान करेगा। कुल मिलाकर, यह कदम छात्रों को आईटीआई में व्यावहारिक और प्रायोगिक कार्यों के संचालन के लिए बेहतर सुविधाएं प्रदान करेगा।

यूपी भर में 1.19 लाख से अधिक छात्रों को लाभान्वित करने के लिए सोलर पैनल योजना


यूपी भर के लगभग 66 आईटीआई को अब बिजली पैदा करने के लिए सोलर ऊर्जा पैनल मिलेंगे। व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास विभाग के प्रवक्ता ने बताया कि प्रत्येक बिजली प्लांट की क्षमता दिन भर में 40 किलोवाट तक बिजली पैदा करने की होगी। यह राज्य के 66 आईटीआई में ग्रामीण बिजली की कमी को प्रभावी ढंग से दूर करेगा।

हाल ही में, राज्य में छात्रों के कौशल विकास के लिए लगभग 44 नए आईटीआई स्थापित किए गए थे। इन संस्थानों की स्थापना के साथ, 58,000 से अधिक सीटों का सृजन किया गया है। इसके साथ, राज्य में वर्तमान में 300 से अधिक सरकारी आईटीआई चल रहे हैं, जिनमें से अधिकांश ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित हैं। यह ध्यान दिया जा सकता है कि इन सभी केंद्रों में कई विकास और उन्नयन की योजना है, जो सोलर प्लांटों की स्थापना की पहल करेंगे।

कहा जाता है कि इस योजना से यूपी में 1.19 लाख से अधिक छात्रों को लाभ होगा, ऑनलाइन कक्षाएं और संबंधित डिजिटल कार्यों के लिए संसाधनों को सुव्यवस्थित करने का काम करेगी। यह एक साथ तकनीकी विकास का उपयोग करते हुए राज्य के ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों में स्वतंत्र ऊर्जा स्रोत बनाएगा।