राज्य भर में कोरोना के खिलाफ मज़बूती को बढ़ाने के लिए, उत्तर प्रदेश सरकार ने यहां रहने वाले विदेशियों के लिए टीकाकरण सुविधा खोल दी है। रिपोर्ट के अनुसार, विदेशी जनसंख्या को अपना टीका लगाने के लिए नए दिशानिर्देशों का पालन करना होगा। यह ध्यान दिया जाना चाहिए कि टीकाकरण प्रावधान केवल विदेशी निवासियों के लिए है न कि पर्यटकों के लिए

उत्तर प्रदेश में बौद्ध मॉन्क्स की इम्युनिटी को बढ़ावा


उत्तर प्रदेश प्रशासन ने राज्य में रहने वाले विदेशियों के लिए कोरोना टीकाकरण शुरू करने के लिए नए दिशानिर्देश स्थापित किए हैं। इस श्रेणी में आने वाले नागरिकों को अपना रजिस्ट्रेशन कराना होगा और अपने पासपोर्ट की मदद से टीकाकरण स्लॉट बुक करना होगा। एडिशनल मुख्य सचिव, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण द्वारा जारी आधिकारिक आदेश के अनुसार इस प्रावधान से उत्तर प्रदेश में रहने वाले बौद्ध मॉन्क्स की सुरक्षा में आसानी होगी।

इसके अलावा, जिला विद्यालयों के निरीक्षकों और जिला बुनियादी शिक्षा अधिकारियों को यह ध्यान करना है कि सभी निजी और सरकारी स्कूलों में टीकाकरण केंद्र स्थापित किए जाएं। इन कार्यस्थलों पर टीकाकरण केंद्र स्थापित करने से यह सुनिश्चित होगा कि सभी शिक्षण और गैर-शिक्षण कर्मचारी पूरी तरह से वायरस के खिलाफ टीका लग जाएगा।

शनिवार को सभी स्लॉट केवल दूसरी खुराक लेने वालों के लिए रिजर्व्ड होंगे

जिन लोगों की दूसरी खुराक बाकी है, उनमें टीकाकरण को प्रोत्साहित करने का जिम्मा जिला अधिकारियों को भी दिया गया है। इसे आगे बढ़ाने के लिए, शनिवार को सभी स्लॉट अब दूसरे डोज़ के लिए लाइन में खड़े लोगों के लिए रिजर्व्ड हैं। राज्य ने राज्य में निराश्रित, बेघर, भिखारियों और सड़क पर रहने वालों की टीकाकरण की आवश्यकता पर भी प्रकाश डाला है।