मध्य प्रदेश ने स्वास्थ्य के बुनियादी ढांचे को उन्नत बनाने की दिशा में एक और कदम आगे बढ़ाया है। रिपोर्ट के अनुसार, देश में चार मेडिकल डिवाइस पार्क को सैंद्धांतिक मंजूरी मिली है, इसमें से एक पार्क मध्य प्रदेश के उजैन में 360 एकड़ क्षेत्र में बनाया जाएगा। इस नई सुविधा को एमपीआईडीसी इंदौर द्वारा विकसित किया जाएगा और इसकी औपचारिक मंजूरी के लिए केंद्र सरकार को डीपीआर रिपोर्ट भेज दी गई है।
पार्क में लगाई जाएंगी यह मशीनें
इस पार्क का निर्माण नए साल में किया जाएगा और इसे अगले तीन सालों में तैयार करने की योजना बनाई गई है। इसके लिए 100 करोड़ केंद्र सरकार और 100 करोड़ राज्य से मिलेंगे। पार्क में वेंटिलेटर, एक्सरे मशीन, सीटी स्कैन, एमआरआई मशीन, पेस मेकर सहित बॉडी में लगने वाले विविध पार्ट बनाने वाली यूनिट स्थापित की जाएंगी। पार्क में दो हजार करोड़ का निवेश होगा, जिससे पांच हजार से ज्यादा लोगों को रोजगार मिलने की उम्मीद है।
आत्मनिर्भर भारत के तहत अन्य पार्कों का निर्माण तमिलनाडु, हिमाचल और यूपी में किआ जाएगा।सबसे सस्ती जमीन व बिजली-पानी सहित कई सुविधाओं पर सब्सिडी के कारण मध्य प्रदेश में मेडिकल डिवाइस पार्क का निर्माण किया जाएगा।
यहां प्लांट लगाने वाले निवेशक को केवल एक रुपए प्रति वर्गमीटर प्रीमियम पर जमीन मिलेगी। सालाना केवल 20 रुपए प्रति वर्गमीटर का लीज रेंट लिया जाएगा। इसके साथ ही 4.36 रुपए प्रति यूनिट की दर से बिजली के साथ कम दर पर पानी मिलेगा। 10 करोड़ के कर्ज पर 5 फीसदी की इंटरेस्ट सहायता, लघु एवं मध्यम उद्योगों को 10 साल तक प्लांट व मशीनरी पर सब्सिडी मिलेगी।