पेटा (PETA) इंडिया ने लखनऊ पुलिस के अतिरिक्त उपायुक्त (एडीसीपी) के प्रयासों की सराहना की है। एडीसीपी चिरंजीव नाथ सिन्हा को कोविड लॉकडाउन के दौरान आवारा जानवरों को खाना खिलाने के उनके प्रयासों के लिए पेटा (PETA) इंडिया अवार्ड से सम्मानित किया गया है। एडीसीपी सिन्हा और उनकी पुलिस टीम शहर के बंदरों और गायों को केले और छोले वितरित करती है।

अवारा जानवरों की मदद के लिए आगे आई लखनऊ पुलिस


एडीसीपी के अधिकार क्षेत्र के तहत, लखनऊ के कुकरैल इलाके, खुर्रम नगर में लखनऊ पुलिस के जवानों ने आवारा जानवरों और बंदरों को लॉकडाउन के दौरान खाना खिलाया। कथित तौर पर, इस टीम ने पिछले साल भी लगाए गए लॉकडाउन के दौरान इस तरह का अभियान चलाया था।

एडीसीपी मध्य चिरंजीव नाथ सिन्हा ने एक बयान में कहा, "लॉकडाउन लागू होने पर जानवरों को खाना मिलने में बहुत समस्या होती है। जानवर भूखे रह सकते हैं और पीड़ित हो सकते हैं क्योंकि वे हमारे बचे हुए खाद्य पदार्थों पर निर्भर हैं"। उन्होंने केले और छोले का इंतजाम किया जिसे बाद में पुलिस अधिकारियों की टीम अवारा जानवरों को खिलाती थी जिससे वह भूखे न रहें।

पेटा (PETA) इंडिया के सीईओ, डॉ मणिलाल वलियते ने बुधवार को एक विज्ञप्ति में कहा, "पेटा इंडिया इस माननीय अधिकारी को जरूरत के समय में जानवरों की मदद करने के लिए और सभी के पालन के लिए करुणा का उदाहरण प्रस्तुत करने के लिए सम्मानित कर रहा है, जिसका सभी को अनुसरण करना चाहिए।" इस वैश्विक संगठन का भारतीय भाग लोगों को सामुदायिक पशुओं के लाभ के लिए आगे आने के लिए प्रोत्साहित कर रहा है। पेटा इंडिया ने लोगों से अपील की है कि वे बाहर निकल कर अवारा जानवरों को खाना खिलाते वक्त, मूल कोविड प्रोटोकॉल का पालन करें, जैसे कि मास्क पहनना और दूसरों से सामाजिक दूरी बनाए रखना।