लखनऊ में लंबे समय से लगे लॉकडाउन प्रतिबंधों के बीच, कई लोगों को भोजन की व्यवस्था करना मुश्किल हो रहा है। शहर के अस्पतालों और अन्य उपचार सुविधाओं में जरूरतमंदों और कोविड-19 रोगियों के परिजनों के लिए संकट काफी बड़ा है। जहां महामारी से त्रस्त लोगों की परेशानियों को कम करने के लिए कई टिफिन सेवाएं शुरू की गई थीं, वहीं अब लखनऊ में शुरू हुई दो कम्युनिटी किचन सभी लोगों के लिए मुफ्त, पौष्टिक और स्वच्छ भोजन की व्यवस्था कर रही हैं।

जियामऊ कम्युनिटी किचन



लखनऊ नगर निगम द्वारा स्थापित, जिला प्रशासन द्वारा संचालित यह कम्युनिटी सेंटर, अस्पतालों में मरीजों और उनके परिजनों के लिए एक लाभकारी सुविधा के रूप में उभरे हैं। रिपोर्ट के अनुसार, भोजन यहाँ पकाया जाता है और फिर नगर पालिका के वाहनों में लखनऊ के अस्पतालों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर पहुँचाया जाता है, जहाँ इसे सभी को मुफ्त में वितरित किया जाता है।

यह बात का विशेष ध्यान रखा जाता है कि भोजन साफ-सुथरे तरीके से तैयार और पैक किए गया हो। यह सेवा जिला प्रशासन द्वारा एक प्रयास है और इसका उद्देशय यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी व्यक्ति बिना भोजन के न रहे, जहां पहले से ही लोग एक वैश्विक महामारी से जूझ रहे हैं।

मारवारी कम्युनिटी किचन


लखनऊ के मोतीनगर क्षेत्र में स्थित महाराजा अग्रसेन पब्लिक स्कूल में सामरी लोगों के एक समूह द्वारा सामुदायिक सेवा शुरू की गई है। रिपोर्ट के अनुसार, यह सेवा 6 जून तक चालू रहेगी और सभी को मारवाड़ी थाली (मारवाड़ी शैली का भोजन) शून्य कीमत पर उपलब्ध कराएगी। यहां तैयार किए गए भोजन को स्कूल की रसोई में पकाया जाता है और फिर किसी भी प्रकार के संक्रमण से अधिकतम सुरक्षा के लिए ढके हुए प्लास्टिक के कंटेनरों में पैक किया जाता है।

नॉक-नॉक

सभी के बीच प्रतिरोधक क्षमता बनाए रखने और कोविड-19 पॉजिटिव रोगियों में रिकवरी को बढ़ावा देने के लिए अच्छा भोजन महत्वपूर्ण है। ये मुफ्त भोजन कई लोगों के लिए वरदान साबित हो रहा है जो महामारी से हुए नुकसान का सामना कर रहे हैं। स्वच्छता और सुरक्षा पर विशेष ध्यान देने के साथ, यह कम्युनिटी किचन सभी के लिए एक आवश्यक सेवा साबित हो रही हैं!