मुख्य बिंदु

➡लखनऊ में कितनी हरियाली है इसका किया जाएगा सर्वे।

➡लखनऊ की हरियाली सैटेलाइट के जरिये परखी जाएगी।

➡भारतीय वन सर्वेक्षण की ओर से हर चौथे साल हरियाली की रिपोर्ट जारी की जाती है।

➡लखनऊ के 250 से अधिक पार्कों को एलडीए पूरी तरह से सांवरने जा रहा है।

➡करीब 3 करोड़ रूपये इन पार्कों पर खर्च किए जाएंगे।


लखनऊ में 2 साल पहले लगाए गए पौधों से शहर में कितनी हरियाली हुई इसका अनुमान अब सैटेलाइट के जरिये लगाया जाएगा। आल इंडिया लेवल पर तैयार हो रही रिपोर्ट के लिए दिसंबर में लखनऊ की हरियाली सैटेलाइट के जरिये परखी जाएगी। इसके पहले वन अनुसन्धान संस्थान देहरादून (Forest Research Institute (FRI Dehradun) की टीम लखनऊ आकर सर्वे कर चुकी है, जिसकी रिपोर्ट सैटेलाइट के डाटा के जरिए जनवरी में जारी होगी। भारतीय वन सर्वेक्षण (Forest Survey of India) की ओर से हर चौथे साल हरियाली की रिपोर्ट जारी की जाती है। इस क्रम में अब जनवरी 2022 में रिपोर्ट जारी होलखनऊ में लगाए गए पेड़ो से हुई हरियाली का आंकलन सैटेलाइट के जरिये किया जाएगागी। इसके लिए एक टीम देहरादून से आकर जमीनी सर्वे कर चुकी है। अब सैटेलाइट से सर्वे होना बाकी है। लखनऊ समेत देश भर के 350 जनपदों में हरियाली की रिपोर्ट जारी करेगा।


साल 2019 की रिपोर्ट में 40 वर्ग किलोमीटर की हरियाली क्षेत्र में हुई थी बढ़ोतरी इस बार 100 वर्ग किलोमीटर में पौधरोपण, जंगल, हरियाली बढ़ने की उम्मीद है। ट्रांसगोमती इलाके में एक दशक से लगातार हरियाली में विस्तार हो रहा है। पुराने लखनऊ के इलाके में हरियाली का विस्तार नहीं हुआ है। पूर्व के लगाए गए पौधों को संरक्षित किया गया। वहीं लखनऊ में बीते साल 18 लाख पौधे रोपे गए, इस साल 21 लाख पौधे रोपे गए।

लखनऊ के 250 से अधिक पार्क संवारे जाएंगे


राजधानी लखनऊ के 250 से अधिक पार्कों को एलडीए पूरी तरह से सांवरने जा रहा है। पहले चरण में गोमती नगर समेत 3 इलाकों के 76 पार्कों को चुना है। 1 साल तक पार्कों के रखरखाव का काम भी एलडीए देखेगा, फिर नगर निगम को पार्क हैंडओवर कर दिए जाएंगे। अवस्थापना विकास निधि (Infrastructure Fund) से सौन्दर्यीकरण के लिए 311 पार्क एलडीए ने चुने थे। इनमे से कुछ में काम नगर निगम ने करा दिया है। ऐसे में एलडीए अब सत्यापन के बाद ही विकास कार्य कर रहा है। 76 पार्कों को अभी चुनकर संवारने की कार्रवाई शुरू हो गई है। करीब 3 करोड़ रूपये इन पार्कों पर खर्च किए जाएंगे। 15 सितंबर से इनमें काम भी शुरू हो जाएंगे। ये सभी कॉलोनियों के अंदर के पार्क है।


इनमें गोमती नगर के विजय खंड, विपुल खंड, विकास खंड, विनीत खंड के 15 पार्क है जिनको संवारने में 41.31 लाख रुपये खर्च किये जाएंगे। इसके साथ ही, कानपुर रोड योजना में विधावती वार्ड-3 के 39 पार्कों को संवारने के लिए 209.79 लाख रुपये खर्च किये जाएंगे। वहीं अलीगंज में 22 पार्क है जिनपर 48.40 लाख रुपये खर्च किये जाएंगे।