इंदौर में वायु प्रदुषण को कम करते हुए, वातावरण को स्वच्छ बनाने के प्रयास में प्रदूषण फैलाने वाले वहानों पर यातायात पुलिस द्वारा कार्रवाई की जाएगी। रिपोर्ट के अनुसार, अगर जांच के दौरान वाहन चालक प्रदूषण विभाग का प्रमाण पत्र दिखाने में असफल रहता है तो उसका चालान काटा जाएगा। इस नियम का पालन लोडिंग, कार व अन्य सभी वाहनों के चालकों को करना होगा और अलग-अलग क्षेत्रों में वाहनों की जांच की जाएगी।

स्वच्छता सर्वेक्षण 2022 की तैयारी की जा रही है

इंदौर ने कई वर्षों से स्वच्छता के क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं और कई खिताब अपने नाम किए हैं। अब स्वच्छता सर्वेक्षण 2022 की तैयारी करते हुए, हवा को साफ और स्वच्छ बनाने पर ध्यान दिया जा रहा है।

रिपोर्ट के अनुसार, कुछ दिन पहले सियगंज में हुई लोडिंग वाहनों की जांच में पाया गया कि 20 में से 15 वाहन खतरनाक स्तर पर धुआं फैला रहे थे। यह सभी डीज़ल से चलने वाहन थे, ऐसे वाहनों को इलेक्ट्रिक वाहन और सीएनजी वाहन के रूप में परिवर्तित करवाने का लक्ष्य रखा गया है। नगर निगम की ओर से इलेक्ट्रिक वाहन लोडिंग गाड़ी के रूप में चलाने पर फ्री में चार्जिंग की सुविधा भी दी जाएगी।

अत्यधिक प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों पहचान करने के लिए अन्य जगहों व चौराहों पर चेकिंग की जाएगी। नगर निगम द्वारा शुरू की गई इस पहल के तहत, इंदौर में ट्राफिक पुलिस समेत कई अन्य विभाग प्रदूषण के स्तर की जांच करने वाली मशीनों के चेकिंग का काम करेंगे।

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