प्रारंभ में, गोवा के मुख्यमंत्री ने घोषणा की थी कि सभी राज्य निवासियों को टीके की पहली खुराक मिलने के बाद पर्यटन फिर से शुरू किया जाएगा, और यह उम्मीद की गई थी कि 30 जुलाई तक इस लक्ष्य को पूरा कर लिया जाएगा। लेकिन अब कोविड-19 की संभावित तीसरी लहर को देखते हुए सरकार के निर्णय पर दुबारा विचार करेगी, हालाँकि राज्य सरकार ने अभी इस संबंध में अपना अंतिम निर्णय नहीं दिया है।

गोवा में पर्यटन को फिर से शुरू करने के लिए समाधान लेकर आएगी सरकार।


जैसा कि गोवा के मुख्यमंत्री ने मंगलवार को बताया कि, राज्य सरकार तब तक पर्यटन गतिविधियों को फिर से शुरू करने की मंजूरी नहीं देगी, जब तक कि सभी निवासियों को टीके का पहला डोज़ नहीं मिल जाता। अधिकारी समझते हैं कि अनुमानित तीसरी लहर का विश्लेषण किए बिना गोवा के पर्यटन उद्योग के बारे में निर्णय लेना उचित नहीं है।

हालांकि, दूसरी लहर के दौरान गोवा के प्रमुख राजस्व स्रोत (पर्यटन) के बंद हो जाने के कारण, राज्य को आर्थिक रूप से काफी नुकसान पहुंचा है। हाल ही में मुख्यमंत्री द्वारा दिए गए बयान में कहा गया कि, "पिछले दो महीनों में राज्य के राजस्व पर बुरी तरह प्रभाव पड़ा है। पर्यटन और अन्य गतिविधियों के बंद होने से हमारे जीएसटी (गुड्स एंड सर्विस टैक्स) में भी कमी आई है। हम एक समाधान लेकर आ रहे हैं।"

28 जून तक बढ़ाया गया कोरोना कर्फ्यू

इस घातक संक्रमण के प्रसार को रोकने के लिए, राज्य भर में कर्फ्यू प्रतिबंधों को 28 जून तक बढ़ा दिया गया है। जहां औद्योगिक गतिविधियों की अनुमति दी गई है, वहीं पर्यटन को संभावित कोरोना की तीसरी लहर के कारण पूरी तरह से बंद कर दिया गया है। उम्मीद है कि सरकार जल्द ही इस समस्या से निपटने के लिए कोई समाधान निकालेगी।

- आईएएनएस द्वारा मिली जानकारी के अनुसार